नीमच। श्री नीरज मालवीय, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, नीमच द्वारा एक आरोपी को बिना लाईसेंस के अवैध रूप से देशी बन्दुक अपने कब्जे में रखने के आरोप का दोषी पाकर 01 वर्ष के सश्रम कारावास तथा 1,000रू. जुर्माने से दण्डित किया। अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी एडीपीओ रितेश कुमार सोमपुरा द्वारा घटना की जानकारी देते हुए बताया कि लगभग 04 वर्ष पूर्व दिनांक 27.02.2015 को दिन के 02ः00 बजे पुलिस नीमच केंट द्वारा सी.आर.पी.सी. चौराहा, नीमच पर वाहन चैकिंग की जा रही थी, उसी दौरान पुलिस को एक मोटरसायकल पर दो संदिग्ध व्यक्ति आते हुए दिखे, जिनको रोककर उनकी तलाशी लिये जाने पर एक व्यक्ति के कब्जे से एक देशी बन्दूक मिली, जिसका लाईसेंस उस व्यक्ति के पास नही होने से पुलिस द्वारा उससे बन्दूक जप्त कर व उसको गिरफ्तार कर उसके विरूद्ध पुलिस थाना नीमच केंट में अपराध क्रमांक 107/15, धारा 25(1-बी)(ए) आर्म्स एक्ट के अंतर्गत पंजीबद्ध कर विवेचना उपरांत चालान न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। श्रीमती निधि शर्मा, ए.डी.पी.ओ. द्वारा अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में जप्तीकर्ता अधिकारी, पंचसाक्षी व पुलिस फोर्स के सदस्यों सहित सभी आवश्यक गवाहों के बयान कराकर अपराध को प्रमाणित कराकर, दण्ड के प्रश्न पर तर्क दिया कि आरोपी द्वारा गंभीर अपराध किये जाने के मकसद से अवैध बन्दूक अपने कब्जे में रखी हैं, इसलिए आरोपी को कठोर दण्ड से दण्डित किया जाये। श्री नीरज मालवीय, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, नीमच द्वारा आरोपी लखमीचंद्र पिता भोनीराम बावरी, उम्र-40 वर्ष, निवासी-ग्राम मोड़ी, थाना जावद, जिला नीमच को धारा 25(1-बी)(ए) आर्म्स एक्ट (अवैध हथियार कब्जे में रखना) में 01 वर्ष के सश्रम कारावास व 1,000रू. जुर्माने से दण्डित किया। न्यायालय में शासन की और से पैरवी श्रीमती निधि शर्मा, एडीपीओ द्वारा की गई।
अवैध बन्दुक धारक को 01 वर्ष का सश्रम कारावास।





