बबलु चौधरी@ जन स्वास्थ रक्षक संघ ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी बघेल को जिले के जन स्वास्थ रक्षक जिनको वर्तमान सरकार ने वचन पत्र में लिया था मध्य प्रदेश में सन 1995 से 2003 के मध्य जन स्वास्थ्य रक्षकों को 5 से 6 माह का स्वास्थ्य परीक्षण दिया हुआ था प्रशिक्षण के दौरान 500 रुपए का मानदेय भी दिया गया था तत्पश्चात राज्य स्तरीय परीक्षा भी ली गई थी जिसमें जनस्वास्थ्य रक्षकों को कीट स्वरूप वेट मशीन सीजर थर्मामीटर गाज पेट ड्रेसिंग करने के औजार एवं 16 प्रकार की प्राथमिक उपचार की औषधि एवं जन स्वास्थ रक्षक क्लीनिक लिखा बोट भी प्रदान किया गया था स्वास्थ्य रक्षकों द्वारा समस्त जन कल्याणकारी राज्य और केंद्र के स्वास्थ्य कार्यक्रमों विशेषकर कुपोषण स्वच्छता पोलियो मलेरिया फाइलेरिया डायरिया आदि छोटी मोटी बीमारियों में सहयोग करने के लिए उनका सहयोग लिया जाता था और आज भी उनका उपयोग किया जाता है जिसका आदेश जिला कलेक्टर व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा समय-समय पर दिया जाता है इन्हें प्राथमिक उपचार करने हेतु गांव-गांव में पदस्थ किया गया था आज भी स्वास्थ्य सेवाएं दे रहे हैं स्वास्थ्य रक्षक पंचायत कर्मी शिक्षा कर्मी की भर्ती विभागीय प्रशिक्षण प्राप्त किए हुए हैं प्रदेश में आरोग्य केंद्र खोले गए हैं जिसमें आकस्मिक दुर्घटना एवं अन्य रोगों के लिए पुरुष कार्यकर्ता आवश्यक रूप से सेवारत है इससे संबंधित सब जन स्वास्थ रक्षक संघ ने सीएचएमओ श्री बघेल को आवेदन देकर जानकारी सरकार तक पहुंचाने के लिए सूची प्रेषित की इस अवसर पर जिले के सभी जन स्वास्थ रक्षक संघ के प्रदेश व जिले के पदाधिकारी मौजूद थे
जिले के जन स्वास्थ्य रक्षकों ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी श्री बघेल को को सौंपा ज्ञापन





