ढीमरखेड़ा, कटनी। जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा में 38 वर्षों तक निष्ठा और ईमानदारी से सेवा देने के बाद लेखापाल केशव प्रसाद परौहा सोमवार को सेवानिवृत्त हुए। मंगल भवन में आयोजित विदाई समारोह मे जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और कर्मचारियों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।
*34.5 साल ढीमरखेड़ा, 3.5 साल बड़वारा में दी सेवा*
बाबू ए ग्रेड के पद पर कार्यरत परौहा जी ने अपने 38 वर्ष के सेवाकाल में से 34.5 वर्ष ढीमरखेड़ा और 3.5 वर्ष जनपद पंचायत बड़वारा में बिताए। वित्तीय लेन-देन, बजट आवंटन और शासकीय नियमों के पालन में उनकी पारदर्शिता और कार्यशैली मिसाल रही।
*जनप्रतिनिधियों ने की मुक्तकंठ से सराहना*
कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे ने कहा कि "परौहा जी केवल कर्मचारी नहीं, बल्कि जनपद के संरक्षक थे। 34.5 साल एक ही जगह सेवा देना उनके समर्पण का प्रमाण है।"
उपाध्यक्ष दुर्गा पारस पटेल ने कहा कि उन्होंने हमेशा नए जनप्रतिनिधियों और कर्मचारियों का मार्गदर्शन किया। 38 साल की निष्कलंक सेवा के लिए वे सम्मान के पात्र हैं।
समारोह में सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक और जनपद सदस्य भारी संख्या में पहुंचे। सभी ने बताया कि वित्तीय संशय होने परौहा जी हमेशा धैर्य से समाधान करते थे।
विदाई के समय केशव प्रसाद परौहा की आंखें नम हो गईं। उन्होंने कहा "ढीमरखेड़ा की माटी और लोगों का प्यार जीवन भर याद रहेगा। ढीमरखेड़ा मेरे लिए हमेशा पहला घर रहेगा।" उन्होंने सभी के सहयोग के लिए आभार जताया।
कार्यक्रम में परौहा जी का शॉल, श्रीफल, पुष्पमाला और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मान किया गया। अंत में उन्हें ससम्मान उनके निवास तक विदा किया गया।
समस्त जनपद परिवार ने उनके स्वस्थ और सुखी सेवानिवृत्त जीवन की कामना की।





